अलीगढ़ देश

ई-संजीवनी एप से घर बैठे पाएं बीमारी का इलाज

-एप के कारण अस्पतालों में सोशल डिस्टेंस का पालन भी संभव
-अब तक 210 से अधिक लोगों ने ऐप से पाया अपना इलाज

अलीगढ़ 04 सितम्बर 2020 e
कोरोना संक्रमणकाल में स्वास्थ्य सेवाओं में जो परिवर्तन दिख रहा है, उसमें एक परिवर्तन टेलीमेडिसिन के तहत संजीवनी एप से बीमारी के इलाज के बारे में विशेषज्ञ चिकित्सक से राय लेना है।
संजीवनी ऐप के माध्यम से लोग घर बैठे अपनी बीमारी के विषय में विशेषज्ञ डॉक्टरों से सलाह मशवरा पा रहे हैं। इस नई व्यवस्था के तहत सैकड़ों लोग फायदा उठा रहे हैं। सरकारी व गैर सरकारी अस्पतालों में ओपीडी संचालित तो हो रही है, वहां बीमारी का इलाज कराने वालों की भीड़ से बचना नामुमकिन है, लिहाजा ई-संजीवनी ऐप लांच कर लोगों को बगैर अस्पताल जाए घर बैठे इलाज की सुविधा दिलाना मुख्य अद्देश्य है। इससे सोशल डिस्टेंस का भी पालन किया जा रहा है।
राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन के जिला प्रबंधक (डीपीएम) एमपी सिंह एवं जिला सामुदायिक प्रक्रिया प्रबंधक (डीसीपीएम) कमलेश चौरसिया ने बताया कि अभी इस ऐप के अच्छे नतीजे आ रहे हैं। अब तक 210 से अधिक लोगों ने इस ऐप का लाभ उठाया है।
ग्रामीण क्षेत्रों में यै जो लोग स्मार्ट फोन का उपयोग नहीं करते है, वह हेल्थ एंड वैलनेस सेंटर पर कार्यरत (कम्युनिटी हेल्थ ऑफिसर ) सीएचओ व एएनएम के जरिए टैबलेट्स का उपयोग कर इस एप से चिकित्सीय परामर्श ले सकेंगे।
अब तक जिले के 50 हेल्थ वैलनेस सेंटर पर सीएचओ व एएनएम के जरिए यह सेवा उपलब्ध कराई गई है। यह सेवा प्रात: 9 बजे से शाम 4 बजे तक उपलब्ध है।

एप कैसे करें अपलोड

जिला सामुदायिक प्रक्रिया प्रबंधक (डीसीपीएम) कमलेश चौरसिया ने बताया हैं कि प्ले स्टोर पर जाकर ई-संजीवनी ऐप को डाउनलोड करें। मोबाइल नंबर डालने पर वन टाइम पासवर्ड ओटीपी आएगा। वन टाइम पासवर्ड डालते ही ईसंजीवनी पेज खुल जाएगा, इसमें रोगी का नाम व पता बीमारी आदि की जानकारी भरी जाएगी। अगर कोई जांच रिपोर्ट हो तो उसे अपलोड किया जा सकता है इसके बाद चिकित्सक के साथ आॅनलाइन जोड़कर चिकित्सक से राय ले सकते हैं। चिकित्सक दवा लिखकर भेज देंगे।

Related posts

प्रोफेसर मुहम्मद हनीफ बेग आउटस्टैडिंग साइंटिस्ट अवार्ड से सम्मानित

dnewsnetwork

मायावती ने केंद्र सरकार के कदम का स्वागत किया

dnewsnetwork

पंचायत चुनाव को लेकर की गोंडा ब्लॉक के बीएलओ की बैठक

dnewsnetwork